• Author with Sh. Atal Bihari Vajpayee

यह बर्लिन वॉल से मज़बूत दीवार है (This is stronger than Berlin Wall)

December 6, 2018 0

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है और पाकिस्तान में करतारपुर साहिब गुरुद्वारा में हरसिमरत कौर बादल ने भी दोहराया  कि अगर बर्लिन की दीवार गिर सकती है तो भारत और पाकिस्तान दोस्ती और शांति से क्यों नहीं रह सकते? दोनों ही गलतफहमी में हैं। भारत और पाकिस्तान के बीच कंक्रीट की दीवार नहीं है जैसे पहले दोनों बर्लिन के बीच थी। भारत और पाकिस्तान के बीच नफरत की दीवार है जिस पर पाकिस्तान लगातार पलस्तर करता आ रहा है। हर आतंकी हमले से यह दीवार मजबूत होती है। बर्लिन में यह दीवार 28 वर्ष रही थी। इसे द्वितीय विश्व युद्ध में विजेता देशों ने जर्मनी को सजा देने के लिए जबरदस्ती बनाया था। दोनों तरफ एक ही कौम के लोग […]

हम और हमारा गुंडा पड़ोसी (We And Our Rogue Neighbour)

May 4, 2017 0

फरवरी 1999 में अपनी लाहौर बस यात्रा के दौरान वहां के गवर्नर हाऊस में दिए गए अपने यादगारी भाषण में प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने कहा था, ‘‘आप दोस्त बदल सकते हैं पड़ोसी नहीं। इतिहास बदल सकते हैं भूगोल नहीं।’’ इस घटना को 18 वर्ष हो गए। सोमवार की घटना जब हमारे दो जवानों के शव क्षत-विक्षत किए गए और उनके सिर काट कर हमें लौटा दिए, से एक बार फिर सिद्ध होता है कि भारत के भरसक प्रयास के बावजूद हमारा पड़ोसी नहीं बदलेगा। वह गुंडा असभ्य देश था, और ऐसा ही रहेगा। रक्षामंत्री अरुण जेतली की शिकायत है कि सभ्य देश ऐसा नहीं करते लेकिन पाकिस्तान ‘सभ्य देश’ कब था? याद रखिए कि किस तरह कारगिल युद्ध में […]

असली कहानी बदलते भारत की है (The Real Story is of Changing India)

October 4, 2016 0

भारत के संयम का बांध आखिर टूट गया। अगर जवाब नहीं दिया जाता तो सरकार तथा सेना दोनों की विश्वसनीयता पर चोट पहुंचती। 28-29 सितम्बर 2016 निर्णायक दिन रहेंगे। नियंत्रण रेखा पार कर तथा पाक अधिकृत कश्मीर के अंदर जाकर उन्हें ठोंकने की कार्रवाई बताती है कि देश, सरकार तथा सेना की बर्दाश्त खत्म हो रही है। पाकिस्तान समझता रहा कि भारत एक बनिया-ब्राह्मण सॉफ्ट स्टेट है, कुछ देर गर्जेगा फिर शांत हो जाएगा। उन्हें मालूम नहीं था कि यह नया आश्वस्त भारत है और यह सरकार वहां तक जाने की इज़ाजत देगी जहां 1971 के बाद किसी भारतीय सरकार ने जाने की इज़ाजत नहीं दी। 1999 में कारगिल युद्ध के समय भी प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने सेना को […]

जफ्फी नंबर दो (Hug Number Two)

January 5, 2016 0

भारत के प्रधानमंत्रियों के लिए पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की जफ्फी खतरनाक साबित हो रही है। 25 दिसम्बर को लाहौर में दोनों प्रधानमंत्रियों नरेन्द्र मोदी तथा नवाज शरीफ ने जफ्फी डाली और एक सप्ताह के बाद पठानकोट के वायुसेना अड्डे पर फिदायीन हमला कर पाकिस्तान की आतंकी व्यवस्था ने इसका जवाब दे दिया। हमारे बहादुर जवानों ने शहीदी दी लेकिन बचाव यह हुआ है कि वह किसी सम्पत्ति तक नहीं पहुंच सके। अगर वह किसी विमान या हैलीकाप्टर को तबाह करने में सफल हो जाते तो स्थिति गंभीर हो जाती। इसी तरह जब प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने 19 फरवरी 1999 को बस में लाहौर जाकर नवाज शरीफ को जफ्फी डाली थी तो कारगिल हो गया। इन 17 सालों […]

Jinhe Devta Nasht Kurna Chahen

August 25, 2015 0

‘जिन्हें देवता नष्ट करना चाहें…’ इस महीने भारत और पाकिस्तान के बीच 1965 के युद्ध के 50 वर्ष हो जाएंगे। तब से लेकर अब तक इन 50 वर्षों में बहुत कुछ बदल गया। भारत एक उभरती ताकत है जबकि पाकिस्तान के यूएई जैसे पुराने मित्र भी उन्हें छोड़ गए हैं पर तब से एक बात नहीं बदली, वह है पाकिस्तान की सेना की भारत के प्रति दुश्मनी। इस दुश्मनी तथा भारत के बारे कमज़ोर आंकलन (एक-एक पाकिस्तानी सैनिक दस-दस भारतीय सैनिकों के बराबर है-अयूब खान) के कारण पाकिस्तान ने 1971 में अपना आधा हिस्सा गंवा लिया। इस दुश्मनी के कारण पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय खलनायक बन गया। हाल ही में दीनानगर तथा ऊधमपुर पर हमला हुआ लेकिन सवाल तो है कि इससे […]

Punjab ko phisalne se bachana he

July 28, 2015 0

पंजाब को फिसलने से बचाना है गुरदासपुर जिले के दीनानगर कस्बे के पुलिस थाने पर हुए फिदायीन हमले से पता चलता है कि पाकिस्तान की शरारत केवल जम्मू-कश्मीर तक ही सीमित नहीं, वह एक बार फिर पंजाब में मिलिटैंसी को उभारने की कोशिश कर रहा है। यह मुठभेड़ बारह घंटे चलती रही, इससे पता चलता है कि जो दस्ता आया वह पूरी तरह से तैयार होकर आया और मर मिटने के लिये आया। हमारी असफलता पूर्ण है। न खुफिया एजेंसियां इस हमले के बारे सूचना दे सकीं और न ही सीमा पर ही उन्हें रोका जा सका। कि वह सीमा से लगभग 20 किलोमीटर दूर दीनानगर पहुंचने में सफल रहे, से पता चलता है कि हमारी असफलता कितनी बड़ी है। […]

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