मोदी का मुक़ाबला नहीं, भाजपा का है , Modi is Invincible: Not So BJP

December 15, 2022 Chander Mohan 0

दिल्ली एमसीडी, गुजरात और हिमाचल प्रदेश के चुनाव परिणाम बतातें हैं कि 1. मोदी का मुक़ाबला नहीं पर भाजपा का है। मोदी ब्रांड सबसे बढ़िया अपने गृह प्रदेश में चलता है बाक़ी जगह चुनौती मिल सकती है। 2. आप राष्ट्रीय पार्टी बन सकती है पर राष्ट्रीय विकल्प अभी नही है। 3. अभी भी कांग्रेस ही विकल्प लगती है पर हिमाचल प्रदेश की जीत स्थानीय नेताओं के बल पर है। उन्होंने चुनाव स्थानीय मुद्दों पर केन्द्रित रखा। चाहे प्रियंका गांधी को ज़बरदस्ती श्रेय देने की कोशिश हो रही है पर हिमाचल कांग्रेस  का संदेश है कि वह गांधी परिवार के बिना भी जीत सकती है। जिस  दिल्ली में शीला दीक्षित ने 15 साल बढ़िया शासन दिया था वहां से कांग्रेस का […]

बड़े इंजन की जीत, Big Victory of The ‘Big’ Engine

March 17, 2022 Chander Mohan 0

उत्तर प्रदेश में 37 वर्ष के बाद किसी मुख्यमंत्री को दोबारा बनने का मौक़ा मिला है। कोविड के दौरान मौतें, महंगाई, बढ़ती बेरोज़गारी, आर्थिक संकट, किसान आन्दोलन, के बावजूद भाजपा  दोबारा सत्ता में आने में सफल रही हैं। योगी आदित्यनाथ  अनथक है और विशेष तौर पर क़ानून और व्यवस्था के क्षेत्र में प्रदेश ने भारी सुधार किया है।  उन्हे ‘बुलडोज़र बाबा’ के नाम से जाना जाता है, जो जरूरी नही कि अच्छी बात है।  इस बार तो अयोध्या या धारा 370 का मामला भी नही था, चाहे योगी आदित्यनाथ ने 80 बनाम 20 का मुद्दा उठा कर ध्रुवीकरण की कोशिश की थी। अभी से कहा जारहा है कि भाजपा में उनकी स्थिति नम्बर 2 की बन गई है क्योंकि भाजपा […]

सत्तापक्ष और विपक्ष दोनों का मिड-टर्म एग्ज़ाम, Midterm Exam of Ruling Party and Opposition

January 20, 2022 Chander Mohan 0

पाँच प्रदेशों की 690 सीटों पर चुनाव देश की भावी राजनीतिक दिशा तय करेंगे। सबसे बड़े प्रदेश उत्तर प्रदेश के चुनाव परिणाम भाजपा, नरेन्द्र मोदी, योगी आदित्यनाथ के लिए बहुत महत्व रखतें हैं।  साथ ही यह भटक रही कांग्रेस पार्टी और उसके हाईकमान तथा प्रादेशिक शक्तियों की भी भावी दिशा तय करेंगे। अगर भाजपा आसानी से जीत जाती है तो योगी आदित्यनाथ इतिहास बनाऐगे क्योंकि गोबिन्द बल्लभ पंत के बाद एक अवधि पूरा करने के बाद किसी मुख्यमंत्री को दूसरी बार वहां चुना जाएगा।  इसी के साथ मोदी के बाद की भाजपा में वह ताकतवार उत्तराधिकारी बन उभरेंगे और भाजपा देश भर में अपना ऐजेडा जोरशोर से लागू करने में सफल रहेगी। विपक्ष और निरुत्साहित होगा और आपसी टकराव बढ़ेगा। […]

अमेरिका की दिशा और संकल्प पर सवाल, Doubts About America

September 30, 2021 Chander Mohan 0

अमेरिका की उपराष्ट्रपति कमला हैरिस के साथ मुलाक़ात के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का कहना था कि ‘भारत और अमेरिका स्वभाविक सांझेदार हैं’। सबसे पहले प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने ‘नैचूरल पार्टनर’ की बात कही थी। इसके पीछे भावना यह है कि क्योंकि दोनों देश लोकतान्त्रिक है इसलिए बहुत कुछ साँझा  हैं पर इसके बावजूद अमेरिका पाकिस्तान की मदद करता रहा है और भारत का झुकाव रूस की तरफ रहा है। अब अवश्य दोनों के सम्बन्ध गहरें हो रहें हैं। नरेन्द्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद यह और मज़बूत हुए हैं। अभी प्रधानमंत्री मोदी वाशिंगटन में राष्ट्रपति जो बाइडेन से मुलाक़ात कर और चार क्वाड देशों के नेताओं की पहली इन-पर्सन बैठक से लौटें हैं। यह मुलाक़ातें अमेरिका द्वारा […]

खिड़की खुली है थोड़ी, थोड़ी देर के लिए, Indo-Pak : Hope And Apprehension

March 11, 2021 Chander Mohan 0

भारत और पाकिस्तान के रिश्तों मे एक बार फिर ताज़ाहवा बहने लगी है।  740 किलोमीटर लम्बी नियंत्रण रेखा पर संघर्ष विराम की घोषणा कर दी गई है। 24-25 फ़रवरी की रात से दोनों तरफ़ से तोपें शांत हो गईं हैं। दोनों देशों के बीच दो दशक पुराना संघर्ष विराम समझौता 2007-2008 से ही उधड़ना शुरू हो गया था पर पिछले पाँच वर्षों से तो दोनो तरफ़ से ख़ूब गोलाबारी हो रही थी। अब तोपों पर कवर चढ़ा दिए गए हैं। क्या रिश्तों में सुखद मोड़ आएगा या पहले कई प्रयासों की तरह यह भी नक़ली सूर्योदय होगा? इसे समझने के लिए देखना होगा, 1. क्या हुआ ? 2. क्यों हुआ? 3. क्या हो सकता है आगे? क्या हुआ? 2019 मे […]

बाक़ी चार साल (Remaining Four Fours)

June 4, 2020 Chander Mohan 0

हमारी पीढ़ी ने बहुत कुछ देखा है। विभाजन की त्रासदी का असर हम पर पड़ा  था। गांधीजी की हत्या, 1962 की लड़ाई, एमरजैंसी, पाकिस्तान का दो फाड़ होना, इंदिरा गांधी की हत्या, दंगे सब के बीच में से हम गुज़र कर हटें हैं। हम करोड़ों लोगों को ग़रीबी से निकालने में सफल रहे। कहा जाने लगा कि चीन के साथ भारत विश्व की भावी दिशा तय करेगा। दशकों के बाद नरेन्द्र मोदी की सरकार आई जिसे पूर्ण बहुमत प्राप्त था। अर्थ व्यवस्था में कुछ गिरावट के बावजूद आशा थी कि भारत अपनी चुनौतियों पर विजय पा लेगा। जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटा दिया गया। तीन तलाक़ की वाहियात प्रथा ख़त्म कर दी गई। अयोध्या में भव्य राम मंदिर के […]