…और कराची बेकरी बंद हो गई , Disturbing Closure Of Karachi Bakery

April 15, 2021 Chander Mohan 0

बात फ़रवरी 1999 की है जब प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी  अपनी बस यात्रा पर लाहौर गए थे। एक शाम पहले मैं भी मीडिया पार्टी के साथ वहां पहुँचा था। लाहौर का हम पंजाबियों के लिए विशेष आकर्षण है। मेरी तो पैदायश ही लाहौर की है। वहां फ़ुर्सत के समय हम कुछ लोग लाहौर देखने निकल पड़े थे। मशहूर अनारकली भी देखी जो मुझे एक तंग बाज़ार से अधिक कुछ नही लगी। मैं विशेषतौर पर निसबत रोड पर अपना पैतृक घर देखना चाहता था। वह मकान तो मिला नही क्योंकि उसकी जगह एक मार्केट बन गई थी पर उस चौंक में ‘पंजाब बेकरी’ अवश्य नजर आई। हम अन्दर गए तो पता चला कि वह परिवार जालन्धर के बस्ती शेख़ से वहां […]

महाराष्ट्र: एक बेमतलब सरकार, Maharashtra : A Pointless Government

April 8, 2021 Chander Mohan 0

मुम्बई जैसा कोई शहर नही।  कोलकाता और चेन्नई बहुत पिछड़ चुकें हैं और दिल्ली केवल अपने इतिहास और सरकारी घमंड पर इतराती हैपर भारत की प्रतिभा ने मिल कर जो शहर बनाया वह मुम्बई है। यह शहर है जहाँ सपने पूरे होते हैं पर यह सपनों का क़ब्रिस्तान भी है ! 1.2 करोड़ लोग यहां तंग जगह में रहते हैं। अगर यहाँ भारत का सबसे रईस शख़्स मुकेश अम्बानी  अपने 400000 वर्ग फ़ुट 27 मंज़िले बंगले एंटीलिया में परिवार सहित रहता है तो दुनिया का सबसे बड़ा स्लम धारावी भी यहीं है। मार्च 2019 की नाइट फ़्रैंक की रिपोर्ट के अनुसार मुम्बई दुनिया का 12 वाँ सबसे रईस शहर है। इस रिपोर्ट के अनुसार ‘शहर में दौलत पैदा होती है’। […]

टीकाकरण: हमारी अधूरी कहानी, Our Inexplicable Slow Vaccination Drive

April 1, 2021 Chander Mohan 0

एक साल पहले प्रधानमंत्री मोदी ने कोरोना वायरस से लड़ने के लिए राष्ट्रीय लॉकडाउन की घोषणा की थी। देश को केवल चार घंटे का नोटिस दिया गया था। भगदड़ मच गई थी। फिर हमने लाखों की तादाद में प्रवासी मज़दूरों को पैदल घर जाते देखा। बेसहारा, वह देश की लावारिस औलाद है, तब भी थी और अब भी है। भारत के अनियमित सेक्टर मे लगभग 50 करोड़ लोग काम करतें है जिनके पास कोई सुरक्षा कवच नही है। अचानक लॉकडाउन ने उनकी हालत दयनीय बना दी। काम ही नही रहा। बहुत समय न सरकारों ने परवाह की, न मालिक ने और न ही समाज ने। सबने आँखें बंद कर लीं जिस पर प्रमुख दार्शनिक नोम चेयस्की की टिप्पणी थी, “भारत […]

क्वैड: जाना कहाँ तक है? Quad: Past Present and Future

March 25, 2021 Chander Mohan 0

एशिया में ग्रेट गेम शुरू हो चुकी है। अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन, भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, जापान के प्रधानमंत्री योशिहीदे सुगा तथा आस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन के बीच पहली वर्चुअल शिखिर वार्ता दुनिया और विशेष तौर पर एशिया में सामरिक संतुलन बदलने की क्षमता रखती है। ‘क्वाड’ अर्थात चतुष्कोण की बैठक में फ़ैसला लिया गया कि भारत वैक्सीन निर्यात का बड़ा केन्द्र बनेगा। इसके अलावा जलवायु परिवर्तन तथा हिन्द-प्रशांत महासागर में जहाज़ों के निर्बाध आवागमन पर चारों देशों के बीच ज़बरदस्त सहमति बनी है। लेकिन असली सहमति उस देश की ब्लैकमेल को रोकने पर बनी है जिस का संयुक्त बयान मे नाम नही लिया गया, चीन। चीन के आक्रामक रवैया और हठधर्मिता से सब परेशान हैं यही […]

शाही परिवार का स्कैंडल-ग्रस्त धारावाहिक, Meghan’s Surgical Strike

March 18, 2021 Chander Mohan 0

पुराना कहावत है कि आख़िर में पाँच ही बादशाह बचेंगे, चार ताश के और पाँचवा ब्रिटेन का। योरूप में एकाध को छोड़ कर अधिकतर देशों में राजशाही की जगह गणतन्त्र ने ले ली है पर ब्रिटेन में 94 साल की महारानी एलिज़ाबेथ 69 वर्ष से गद्दी पर क़ायम है और उनकी व्यक्तिगत लोकप्रियता बरक़रार है। विंसटन चर्चिल से लेकर आज तक वहां 14 प्रधानमंत्री बदल चुकें है पर महारानी चलती जा रहीं हैं। लंडन टाइम्स ने लिखा है, “ शताब्दियों से शाही परिवार के बने रहने का बड़ा कारण है कि वह ख़ुद को समय के अनुसार बदलते आ रहें हैं। अब फिर बदलने की ज़रूरत है”। टाइम्स हाल ही में महारानी के छोटे पोते प्रिंस हैरी तथा उसकी पत्नी […]

खिड़की खुली है थोड़ी, थोड़ी देर के लिए, Indo-Pak : Hope And Apprehension

March 11, 2021 Chander Mohan 0

भारत और पाकिस्तान के रिश्तों मे एक बार फिर ताज़ाहवा बहने लगी है।  740 किलोमीटर लम्बी नियंत्रण रेखा पर संघर्ष विराम की घोषणा कर दी गई है। 24-25 फ़रवरी की रात से दोनों तरफ़ से तोपें शांत हो गईं हैं। दोनों देशों के बीच दो दशक पुराना संघर्ष विराम समझौता 2007-2008 से ही उधड़ना शुरू हो गया था पर पिछले पाँच वर्षों से तो दोनो तरफ़ से ख़ूब गोलाबारी हो रही थी। अब तोपों पर कवर चढ़ा दिए गए हैं। क्या रिश्तों में सुखद मोड़ आएगा या पहले कई प्रयासों की तरह यह भी नक़ली सूर्योदय होगा? इसे समझने के लिए देखना होगा, 1. क्या हुआ ? 2. क्यों हुआ? 3. क्या हो सकता है आगे? क्या हुआ? 2019 मे […]