देश का सबसे बड़ा झूठ (The Biggest Lie)

December 20, 2016 Chander Mohan 0

पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने एक बार कहा था कि जब चुनाव जीत कर कोई जनप्रतिनिधि बनता है तो उसका पहला काम झूठ बोलना होता है क्योंकि वह खर्च का झूठा ब्यौरा दाखिल करता है। लेकिन सच्चाई इससे भी बड़ी है कि न केवल शुरू में झूठ बोला जाता है बल्कि हमारी सारी राजनीति ही झूठ की बुनियाद पर टिकी है। जो लोग हमारे लिए कानून बनाते हैं उनकी अपनी बहुत गतिविधियां गैरकानूनी हैं। खर्च का ब्यौरा देने से पहले यहां टिकटें बिकती हैं, काला राजनीतिक चंदा इकट्ठा किया जाता है और कोई पूछने वाला नहीं। क्योंकि सब इस बहती गंगा में नहाते हैं इसलिए कोई दूसरे पर उंगली नहीं उठाता और न ही इसे सही करने में इनकी […]

दो आरज़ू में कट गए, दो एटीएम की कतार में! (Do Arzoo Mein Kut Gaye Do Intzaar Mein)

December 13, 2016 Chander Mohan 0

नोटबंदी का एक महीना पूरा होने के बाद सबको अहसास है कि हालात सही नहीं चल रहे। बैंकों तथा एटीएम के आगे कतारें पहली जैसी लम्बी ही हैं। अपना पैसा निकालना ही पहाड़ जैसी मुसीबत बन गई है। जो 24,000 रुपए साप्ताहिक निकालने की अनुमति है वह भी नहीं मिल रहे। वेतन देना और लेना दोनों मुश्किल हो गया है। बैंकों के आगे झगड़े शुरू हो गए हैं। जब नोटबंदी की प्रधानमंत्री ने घोषणा की थी तो आम आदमी ने उत्साहित होकर समर्थन दिया था। लोगों का मानना था कि नरेंद्र मोदी ने भ्रष्टाचार तथा कालेधन के खिलाफ भी सर्जिकल स्ट्राईक की है। बेहतर भविष्य तथा अच्छे दिन की आशा में लोग तकलीफ सहने को तैयार थे। लेकिन यह तब […]

ममता को गुस्सा क्यों आता है? (Mamta Ko Gussa Kyon Aata He)

December 6, 2016 Chander Mohan 0

एक मुख्यमंत्री कितनी गैर जिम्मेवार हो सकती हैं इसका प्रमाण हमें पश्चिम बंगाल से मिल रहा है जहां उन्मत ममता बैनर्जी ने भारतीय सेना की रुटीन कार्रवाई पर ही सवाल उठाते हुए उसे उनका तख्ता पलटने की साजिश तक कह दिया। एक दिन पहले जब उनकी पटना से कोलकाता उड़ान को हवाई अड्डे के आकाश में जमघट के कारण उतरने में देर हो गई तो तृणमृल कांग्रेस ने इसे ममता को खत्म करने की साजिश कह दिया। कोलकाता के एटीसी ने आकाश में विमानों की भीड़ के कारण एक-एक कर सभी विमानों को सुरक्षित उतार लिया लेकिन ममता क्या जो नाटकीय मौका हाथ से जाने दे? सब सुरक्षित उतर गए, फिर इतना चीखना चिल्लाना क्यों? अपने नए राजनीतिक सखा अरविंद […]

इंदिरा गांधी और नरेन्द्र मोदी (Indira Gandhi and Narendra Modi)

November 29, 2016 Chander Mohan 0

राजदीप सरदेसाई के साथ इंटरव्यू में सोनिया गांधी का कहना था कि वह इससे सहमत नहीं कि नरेन्द्र मोदी इंदिरा गांधी जैसे ताकतवर नेता हैं। दिलचस्प है कि हमारे बड़े बड़े दबंग पत्रकार जब बड़े नेताओं से बात करते हैं तो उनकी सारी बोलती बंद हो जाती है। अरनब गोस्वामी की नरेन्द्र मोदी के साथ और अब राजदीप सरदेसाई की सोनिया गांधी की इंटरव्यू में भी इंटरव्यू करने वाला बिलकुल दब्बू था। प्रभाव यह दे रहे थे कि अपने सामने बैठे व्यक्ति के आभा मंडल से वह मंत्रमुग्ध हैं। जहां तक इंदिरा गांधी तथा नरेन्द्र मोदी के बीच तुलना का सवाल है दोनों का व्यक्तित्व, पृष्ठभूमि तथा कैरियर अलग अलग हैं। इंदिरा गांधी का जन्म देश के सबसे प्रतिष्ठित परिवारों […]

कट्टरवाद का कैदी कश्मीर (Kashmir Prisoner of Extremism)

November 22, 2016 Chander Mohan 0

जम्मू-कश्मीर स्कूल बोर्र्ड की दसवींं की परीक्षा में 99 प्रतिशत बच्चोंं ने हिस्सा लिया। इतनी अच्छी उपस्थिति तो यहां भी नहीं मिलती। एक-दो जगह शरारतियों ने पथराव का प्रयास किया था लेकिन अब वह भी खामोश हो गए क्योंकि स्पष्ट हो गया कि मां-बाप अपने बच्चों को पढ़ाना चाहते हैं और बच्चे पढ़ना चाहते हैं। इससे पहले 30 के करीब स्कूल जलाए जा चुके हैं। अलगाववादी अपने एजेंडे पर चल रहे हैं जबकि कश्मीरी मां-बाप को अपने बच्चों के भविष्य की चिंता है। वह देख चुके हैं कि किस तरह एक कश्मीरी युवक शाह फैज़ल आईएएस परीक्षा का टॉपर रहा है। बांदीपुरा जिला जहां सबसे अधिक स्कूल जलाए गए, की 8 वर्ष की बच्ची तजामुल विश्व में किक बाक्सिंग चैम्पियन […]

धैर्य की परीक्षा (Test of Patience)

November 15, 2016 Chander Mohan 0

भावुक प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का कहना है कि उन्हें सिर्फ 50 दिन दो अगर तब तक स्थिति सही नहीं हुई तो देश जो सजा दे उसके लिए वह तैयार हैं। प्रधानमंत्री अब बार-बार नोटबंदी के अपने निर्णय के बारे लोगों को स्पष्टीकरण दे रहे हैं। उन्हें भी एहसास होगा कि लोगों का धैर्य साथ छोड़ रहा है। जो समर्थन और उत्साह 8 नवम्बर को उनकी घोषणा के बाद था वह अब नहीं रहा। बैंकों के बाहर लगी लम्बी लाइनें तथा एटीएम के ठप्प होने से लोगों का मूड बदला है। आम आदमी जिसे रोज़ पैसे चाहिए, सब्जी वाला, ढाबा वाला, मजदूर, रिक्शा वाला, सब प्रभावित हुए हैं। ग्रामीण क्षेत्र जहां बैंक कम हैं और एटीएम हैं नहीं वहां अधिक मुसीबत […]