महाराणा प्रताप किस से लड़े थे, सर?, Whom Did Maharana Pratap Fight With : History Lessons

April 13, 2023 Chander Mohan 0

मयंक ने ट्विटर पर एक अध्यापक और छात्र के बीच काल्पनिक वार्तालाप डाला है। अध्यापक बताता है कि महाराणा प्रताप हल्दीघाटी में बहुत वीरता से लड़े थे। पर जब छात्र पूछता है कि किस से लड़े थे तो अध्यापक इधर उधर के जवाब देता है कि वीरता से लड़े थे, या तलवार से लड़े थे, या जुलम से लड़े थे आदि। पर जब छात्र बार बार पूछता है कि ‘जिस से लड़े थे उसका नाम क्या है, सर’ तो अध्यापक जवाब देता है कि यह सिलेबस से बाहर का सवाल है। यह व्यंग्य एनसीईआरटी द्वारा 12वीं के इतिहास के सिलेबस में बदलाव कर मुग़ल दरबार, उनके शासकों और उनके इतिहास को पाठ्यक्रम से हटाने पर है। इसके अतिरिक्त महात्मा गांधी, […]

विदेशों से खालिस्तानी चैलेंज, Khalistan : Challenge From Abroad.

April 6, 2023 Chander Mohan 0

पंजाब में ख़ालिस्तान का कोई मसला नहीं, न कोई माँग ही है। ब्रैंड-न्यू खालिस्तानी अमृतपाल सिंह के प्रकरण के बाद विदेशों में इसकी गूंज ज़रूर है। पंजाब मेँ कुछ  वाहनों पर भिंडरावाले का चित्र लगा नज़र आएगा पर  कुछ लोगों के उत्पात के सिवाय ज़मीन पर   खालिस्तान की माँग को कोई समर्थन नहीं है। हाँ, पंजाब के कुछ मसलों को ‘सिख मसला’ बना कर कई बार  पेश किया जाता है। पंजाब ने अतीत में उग्रवाद को लेकर बहुत संताप भुगता है कोई इसे दोहराना नहीं चाहेगा। अमृतपाल सिंह के अस्थायी उभार के बाद कुछ समय के लिए तनाव पैदा हुआ था   पर जिस तरह वह जगह जगह भटक रहा है उसके बाद उसकी लोकप्रियता की, राहुल गांधी की भाषा में, […]

अच्छी सरकार भी चाहिए, मज़बूत विपक्ष भी , Need Good Government And Strong Opposition

March 30, 2023 Chander Mohan 0

जिस दिन अप्रैल 2019 को कर्नाटक में कोलार की एक सभा में राहुल गांधी ने यह कहा था कि, “ नीरव मोदी, ललित मोदी, नरेन्द्र मोदी, का सरनेम कॉमन क्यों है? सभी चोरों का सरनेम मोदी क्यों होता है”, तब ही स्पष्ट हो गया था कि इस कथन की क़ीमत एक न एक दिन चुकानी पड़ेगी। उनके समर्थक लाख कहें कि ‘ यह नहीं कहा कि सारे मोदी चोर है, यह कहा है कि सारे चोर मोदी है’, पर जो राहुल गांधी ने कहा उसका अभिप्राय तो साफ़ है। राजनीति में आलोचना की जगह है पर यह तो एक समुदाय को सीधी गाली है।  अब उनका कहना है कि “मैं डरने वाला नहीं, न माफ़ी माँगूँगा क्योंकि मेरा नाम सावरकर […]

जिस दिन भगत सिंह को फाँसी दी गई, The Day Bhagat Singh Was Hanged

March 23, 2023 Chander Mohan 0

हमारी आज़ादी की लड़ाई ने अनेकों नायक पैदा किए हैं पर दो हैं जो अपनी विशेष छाप छोड़ गए। दोनों ही  शहीद हुए। अगर गांधी जी सबसे आदरणीय नेता थे तो भगत सिंह सबसे प्रिय। दोनों के सिद्धांत बिलकुल अलग थे लक्ष्य चाहे एक था, भारत की आज़ादी। गांधीजी का  अहिंसा में पूर्ण विश्वास था जबकि भगत सिंह और उनके साथी समझते थे कि लक्ष्य की प्राप्ति के लिए हिंसा की ज़रूरत पड़ जाए तो इस्तेमाल की जा सकती है। दोनों की अलग अलग विरासत है। गांधी जी का अहिंसा का सिद्धांत दुनिया आज भी याद करती है चाहे अमल कोई नहीं करता। भगत सिंह आज भी युवाओं के प्रेरणा स्रोत है। उत्तर भारत में आज भी युवा पीली पगड़ी […]

‘क्लिक’ पर क्लिक न कीजिए, Don’t Click On ‘Click’ Please

March 16, 2023 Chander Mohan 0

कुछ महीने  पहले यह एसएमएस आया, ‘डीयर ग्राहक शाम 9.30 बजे आपकी बिजली काट दी जाएगी क्योंकि आपने पिछले महीने का बिल जमा नहीं करवाया। हमें इस नम्बर पर तत्काल फ़ोन करें’। बहुत परेशानी हुई क्योंकि सर्दियों के दिन थे और अगर रात को बिजली काट दी गई तो समस्या  हो जाएगी। सब कुछ चेक कर लिया बिल तो जमा हो चुका था। सोचा किसी को बिजली दफ़्तर दौड़ाता हूँ। इतने में राहत हो गई। श्रीमती को भी वही एसएमएस आ गया कि बिजली का बिल न जमा करवाने के कारण रात 9.30 बजे आप की बिजली काट दी जाएगी नहीं तो तत्काल फ़लाँ नम्बर पर फ़ोन करें। दोनों मामलों में अंतर यह है कि श्रीमती के नाम पर बिजली […]

एक अकेला सब पर भारी?, Is Modi Unbeatable ?

March 9, 2023 Chander Mohan 0

पूर्वोत्तर के तीन राज्यों, त्रिपुरा, मेघालय और नागालैंड से लोकसभा की महज़ 5 सीटें हैं पर इनके विधानसभा चुनाव हमारी राजनीति के लिए बहुत महत्व रंखते हैं।  कारण यह है कि यहाँ आदिवासी बाहुल्य है और त्रिपुरा को छोड़ कर बाक़ी दो प्रदेशों में ईसाई बहुमत है। यहाँ चर्च का दबदबा भी है। यह क्षेत्र परम्परागत कांग्रेस समर्थक रहा है। अब यहाँ तीनों प्रदेशों की सरकारों में भाजपा शामिल हो रही हैं।त्रिपुरा में भाजपा का वोट शेयर और सीटें कम हुई है पर पार्टी के पास अपना बहुमत है। नागालैंड में भाजपा एनडीपीपी के साथ मिल कर सरकार बना रही है। मेघालय में कॉनरैड  संगमा के खिलाफ चुनाव लड़ने और उन पर भ्रष्टाचार के गम्भीर आरोप लगाने के बाद केवल […]