पंजाब, पंजाबियत और प्रवासी, Punjab and Migrants

September 25, 2025 Chander Mohan 0

9 सितंबर को होशियारपुर के एक गाँव में एक प्रवासी मज़दूर द्वारा अपहरण के बाद दुष्कर्म कर पाँच वर्ष के बच्चे की निर्मम हत्या की पंजाब में बहुत तीखी प्रतिक्रिया हुई है। लोग इस कुकृत्य से भारी आक्रोष में हैं। उत्तर प्रदेश और बिहार से आए प्रवासियों के खिलाफ एक प्रकार से बैकलैश शुरू हो गया है। कई लोग माँग कर रहें हैं कि इन्हें वापिस भेज दिया जाए। ग़ुस्सा ऐसा है कि कुछ प्रवासी अपनी सुरक्षा के बारे चिन्तित है और वापिस जाने के बारे सोच रहे हैं। होशियारपुर की वीभत्स घटना के बाद पंजाब के कई हिस्सों में प्रवासियों के खिलाफ स्पष्ट ग़ुस्सा नज़र आ रहा है। होशियारपुर और उसके आसपास की 20 पंचायतों ने प्रवासियों के खिलाफ […]

नेपाल का घटनाक्रम और भारत, Nepal’s Uprising And India

September 18, 2025 Chander Mohan 0

हो जाते हैं जिन पे अंदाज़े खुदाई पैदा                हमने देखें हैं वह बुत तोड़ दिए जातें हैं हमारे पड़ोस में एक के बाद एक ऐसे बुत तोड़े जा रहें हैं। 2022 में गम्भीर आर्थिक संकट के बाद श्रीलंका के राष्ट्रपति गोटाबाया राजपक्षे देश छोड़ भाग गए थे। एक और पूर्व राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे और 5 पूर्व मंत्रियों को जेल की सजा सुनाई गई थी। कई नेताओं के घर जला दिए गए। लगभग एक साल पहले बांग्लादेश में ऐसा ही विद्रोह हुआ था जब ढाका में हिंसक प्रदर्शनों के बीच शेख़ हसीना को भागना पड़ा था और भारत ने उन्हें शरण दी थी। उनका भी घर जला दिया गया था।  वहाँ 90 दिनों में चुनाव होने थे पर बिना चुनाव […]

ख़ाक हो जाऐंगे हम तुमको खबर होने तक, Punjab Needs More Hand Holding

September 11, 2025 Chander Mohan 0

घुटने भर पानी में तस्वीर खीचवाने के बाद केन्द्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पंजाब की स्थिति को जलप्रलय कहा है और साथ ही भरोसा भी दिलवाया कि केन्द्र की सरकार ‘पंजाब के साथ मज़बूती से खड़ी है’। शिवराज सिंह चौहान की बात सही है। पंजाब की तबाही किसी प्रलय से कम नहीं है। ऐसी भयंकर बाढ़ इससे पहले 1988 में आई थी जब 500 लोग मारे गए थे पर विशेषज्ञ बता रहें हैं कि आज स्थिति 1988 से भी अधिक नाज़ुक और संकटपूर्ण है। उस वक़्त 12 ज़िले प्रभावित हुए थे जबकि इस बार सभी 23 ज़िले बाढ़ की गिरफ़्त में हैं। अनुमान है कि 4 लाख एकड़ खेत पानी से भर गए हैं। हैं।2000 गाँव पानी में […]

डानल्ड ट्रम्प को ग़ुस्सा क्यों आता है, Donald Trump Ko Gussa Kyon Aata He

September 4, 2025 Chander Mohan 0

भारत और अमेरिका के रिश्ते लड़खड़ा रहें हैं। अगर जल्द न रोका गया तो ऐसी जगह पहुँच जाएँगे कि मुरम्मत की गुंजाइश नहीं रहेगी और जब तक ट्रम्प व्हाइट हाउस छोड़ेंगे तब तक इन रिश्तों का कुछ नहीं बचेगा। भारत दवारा रूस से तेल ख़रीदने पर अतिरिक्त 25% टैरिफ़ (कुल 50%) लगा दिया गया है जबकि चीन जो हमसे भी अधिक ख़रीदता है पर 30% टैरिफ है। कूटनीतिक शालीनता को एक तरफ़ रख न केवल ट्रम्प बल्कि उनके कई सलाहकार रोज़ाना हमें लताड़ रहें हैं। एक कथित सलाहकार पीटर नावरो का कहना है कि युक्रेन का युद्ध ‘मोदी का युद्ध है’ ! फिर कहना था कि “रूस से तेल ख़रीद से भारत में ब्राह्मण मुनाफ़ा कमा रहे हैं”। भारत अमेरिका […]

न इनकी दोस्ती अच्छी, न इनकी दुष्मनी अच्छी, India And China :Uncertain Tango , China, India,

August 28, 2025 Chander Mohan 0

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की इस सप्ताह के अंत में चीन यात्रा से पहले चीन बहुत मीठी मीठी प्यार भरी बातें कर रहा है। भारत और चीन के बीच रिश्ते क़ायम होने की 75वीं वर्षगाँठ पर चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने दोनों देशों की ‘पार्टनरशिप’ की बात कही है और दोनों के हितों को “ड्रैगन -हाथी टैंगो (संयुक्त नाच) कहा है। ट्रम्प द्वारा भारत पर लगाए अनुचित टैरिफ़ के बाद शी जिनपिंग ने भारत के साथ रिश्तों को अहम बताते हुए उन्हें और मज़बूत करने पर ज़ोर दिया है। चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने हाल ही की भारत यात्रा के दौरान कहा है कि “भारत और चीन को प्रतिद्वंद्वी की तरह नहीं सांझेदार की तरह देखा जाना चाहिए”।उन्होंने […]

कुदरत की मार या इंसान की बेवक़ूफ़ी , Nature’s Fury Or Human Stupidity

August 21, 2025 Chander Mohan 0

हिमाचल प्रदेश के मंडी ज़िले के पाँच गाँव, तानीपारी, शाला नल, जल नल, तनहल और थलोट, जो किरतपुर- मनाली हाईवे पर पड़ते है के लोगों ने ऊँची शिकायत की है कि एनएचएआई द्वारा सड़क को चौड़ा करने के लिए जो अवैज्ञानिक और लापरवाह तरीक़ा अपनाया गया है उसके कारण उनका अस्तित्व खतरें में पड़ गया है। चार साल पहले इस सड़क को चौड़ा करने का काम शुरू हुआ था तब से मकानों में दरारें पड़नी शुरू हो गईं हैं और अब कृषि भूमि ने नीचे का तरफ़ फिसलना शुरू कर दिया है। टाईम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार जल नल गाँव के शोभा राम भारद्वाज का कहना है कि उनके विरोध के बावजूद कम्पनी ने पहाड़ को सीधा काटा […]