सोनिया गांधी और राष्ट्रीय हित, Sonia Gandhi And National Interest
विंसटन चर्चिल भारत की आज़ादी के बिलकुल ख़िलाफ़ था और महात्मा गांधी से तो नफरत करता था, पर बंदा अभिव्यक्ति की कला का माहिर था। अपने साथी देश जो हिटलर के विस्तारवाद के ख़िलाफ़ समय रहते निर्णय नही ले पा रहे थे के बारे चर्चिल ने कहा था, “उनका निर्णय है कि वह अनिर्णित है, निश्चित हैं कि वह अनिश्चित है, बहाव के लिए दृढ़, तरलता के लिए ठोस, अशक्त रहने के लिए सर्वशक्तिमान”। आज कांग्रेस की जो हालत देखता हूँ और उसकी अध्यक्ष की निर्णय लेने में अकर्मण्यता देखता हूँ तो चर्चिल के यह शब्द याद आजाते हैं, निश्चित हैं कि अनिश्चित हैं…! वैसे तो पी वी नरसिम्हा राव ने एक बार कहा था कि ‘ अनिर्णय भी एक […]