‘तस्वीरें पलटने से आप इतिहास नहीं पलट सकते’, Remembering Nehru for his huge contribution towards the country

November 17, 2022 Chander Mohan 0

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने एक दिलचस्प टिप्पणी की है, “ अगर नेहरूजी आईआईटी की स्थापना न करते तो मैं चाय बेचता होता”। केजरीवाल आईआईटी खड़गपुर से पढ़ कर निकले थे। अब ज़रूर वह राजनीति में हैं पर इस कथन के द्वारा वह यह स्वीकार कर रहें हैं कि ज़िन्दगी में उन्हें और उनके जैसे अनेकों को मौक़ा इसलिए मिला क्योंकि उन्होंने शिक्षा उन उच्च संस्थानों से प्राप्त की थी जिनकी स्थापना पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने की थी। न केवल आईआईटी बल्कि ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मैडिकल साईंस,अटौमिक एनर्जी कमीशन, सीएसआईआर,ओएनजीसी, कोल इंडिया, आईआईएम, भाखड़ा डैम सब की स्थापना नेहरू के समय हुई थी। जवाहरलाल नेहरू के कार्यकाल में  भारत के अंतरिक्ष अभियान की नींव रखी गई थी। […]

अपने से भिड़ रहा पाकिस्तान, Pakistan In Conflict With Itself

November 10, 2022 Chander Mohan 0

बेनजीर भुट्टो की हत्या.27 दिसम्बर 2007 को रावलपिंडी में एक रैली में हुई थी। यह उनकी हत्या का पहला प्रयास नहीं था। दो महीने पहले 18 अक्तूबर 2007 को जब वह निर्वासन से कराची लौटी थीं तो हवाई अड्डे से रैली की तरफ़ जाते हुए दो बड़े बम विस्फोट हुए थे। बेनजीर बच गईं थीं पर विसफोट इतने भारी थे कि 139 लोग मारे गए और 450 घायल हो गए थे। इमरान खान पर जो क़ातिलाना हमला हुआ उससे पाकिस्तान में बेनजीर भुट्टो की हत्या के घटनाक्रम की याद ताज़ा हो गई है। क्या यह ट्रेलर है? कराची के द डौन अख़बार ने अपने सम्पादकीय में देश को चेतावनी  दी है कि, ‘ सब पक्षों को एकमत होना चाहिए कि […]

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अंग्रेजों की धरती पर समय का पहिया घूम गया, History Come Full Circle in Britain

November 3, 2022 Chander Mohan 0

जिस ग्रेट ब्रिटेन, अब तो ख़ैर वह ‘ग्रेट’ रहा नही, ने 200 साल भारत पर राज किया उसी ने अपने बनाए घपले से निकलने के लिए अपनी बागडोर एक ऐसे भारतवंशी को सौंप दी है जो गर्व के साथ कह रहा है कि वह हिन्दू है। अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन ने इसे सही ‘अभूतपूर्व मील पत्थर’ कहा है। ऋषि सुनक ब्रिटेन के पहले ग़ैर ईसाई प्रधानमंत्री है। वह पूरी तरह से ब्रिटिश है पर संस्कार पंजाबी हिन्दू के है। भारत में उनके ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बनने पर बहुत ख़ुशी  हैं।  एक चैनल ने इसे ‘दिवाली धमाका’ कहा है। एक ने हेडलाइन दी थी कि ‘साम्राज्य पर भारतीय पुत्र का सूर्योदय’ तो जोश में बहते हुए एक ने इसे ‘दुनिया […]

हिमाचल में क्या होगा ? , Himachal Pradesh Election: Will History Repeat Itself?

October 27, 2022 Chander Mohan 0

देश मे लम्बा चुनावी मौसम शुरू हो रहा है।12 नवम्बर को हिमाचल प्रदेश से शुरू हो कर छ: और प्रदेश, गुजरात,कर्नाटक,मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान और तेलंगाना के चुनावों को बाद 2024 में आम चुनाव होंगे। गुजरात चुनाव हिमाचल प्रदेश की तरह ही इन सर्दियों में होंगें। अभी गुजरात चुनाव की तिथि की घोषणा नहीं हुई पर सत्तारूढ़ भाजपा के लिए गुजरात का बहुत महत्व है क्योंकि यह ‘बिग टू’, प्रधानमंत्री मोदी और गृहमंत्री अमित शाह, का गृह प्रदेश है।  2012 के चुनाव में भाजपा की सीटें जो 116 थीं वह 2017 के चुनाव में घट कर 99 रह गईं इसलिए कोई जोखिम नहीं उठाया जा रहा। प्रधानमंत्री मोदी वहाँ अभियान का नेतृत्व कर रहें हैं और जगह जगह गुजराती अस्मिता की […]

अमिताभ बच्चन : ‘इंक़लाब’ जारी है !, Amitabh Bachchan: The Story Continues

October 20, 2022 Chander Mohan 0

कहतें हैं कि अमिताभ बच्चन के माता पिता, हरिवंश राय बच्चन और तेज़ी बच्चन, ने गांधीजी के ‘भारत छोड़ो आन्दोलन’ से प्रेरित होकर अपने पहले बेटे का नाम ‘इंक़लाब’ रखा था। हरिवंशराय बच्चन कवि, लेखक और सांसद थे और तेज़ी बच्चन पाकिस्तान के लायलपुर के सिख परिवार से थीं। बाद में अमिताभ नाम रखा गया। नाम चाहे बदल गया हो पर हरिवंशराय बच्चन और तेज़ी बच्चन की संतान द्वारा  विशेष तौर पर 1973 में आई ज़ंजीर से समाज में जो इंक़लाब शुरू किया वह कौन बनेगा करोड़पति के रास्ते आजतक जारी है।पुराने ज़माने में ब्लैक में टिकट लेकर बहुत लोग अमिताभ बच्चन की फ़िल्म पहला दिन पहले शो देखने जाते थे। अंधेरा सिनेमा हॉल में उनके साथ हम सब हंसे, रोए, नाचे, गाए, रोमांस किया। आज भी उनके 80 वें जन्मदिन पर कौन बनेगा करोड़पति के सैट पर उनके साथ बहुत लोग भी भावुक हुए थे। जब कोलकाता के ईडन गार्डन  में भारत और पाकिस्तान के बीच टी-20 मैच के शुरू होने से पहले उन्होंने राष्ट्र गान गाया था तो रोंगटे खड़े हो गए […]

परमाणु विनाश के कगार पर दुनिया?, Near Nuclear Armageddon ?

October 13, 2022 Chander Mohan 0

“अपनी आक्रामक रूस विरोधी  नीति में पश्चिम के देश सभी सीमाएँ लांघ गए हैं। जो मैं कह रहा हूँ वह कोरी धमकी नहीं है। जो परमाणु हथियारों के साथ हमें ब्लैकमेल करना चाहते हैं उन्हें समझ लेना चाहिए कि हवा का रूख बदल सकता है और उनकी तरफ़ मुड़ सकता है”। यह सख़्त शब्द कह कर रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने एक बार फिर परमाणु विनाश की सम्भावना  दुनिया के सामने पेश कर दी। यह धमकी वह पहले भी दे चुकें हैं पर इस बार उनके द्वारा ‘परमाणु’ शब्द के इस्तेमाल से दुनिया दहल उठी। कारण यह कि पुतिन के लिए यूक्रेन में युद्ध सही नहीं चल रहा। एक के बाद एक धक्का लग रहा है। ऐसी स्थिति में हताश […]